ये है उत्तर दिशा में पैर करके सोने का वैज्ञानिक कारण …

पौराणिक कारण

7.  माँ पार्वती जब स्नान कर रही थी उस समय नवनिर्मित गणेश जी द्वार पर लोगों को अंदर आने से मना कर रहे थे ,भगवान शिव को अंदर आने से मना करने पर भगवान शिव ने गणेश जी सिर काट दिया । माँ पार्वती के आग्रह पर –भगवान शिव ने अपने अनुचर को आदेश दिया कि जो भी इस पृथ्वी पर उत्तर दिशा में सिर करके सो रहा हो उसका सिर काटकर ले आवो ,उस युग में लोग शास्त्र के अनुकूल शयन करते थे इसलिए कोई भी व्यक्ति उत्तर दिशा की ओर सिर करके सोते नही मिला । अंत में अनुचरों को हाथी का एक बच्चा उत्तर दिशा में सिर करके सोते मिला ,हाथी के उस बच्चे का सिर काटकर भगवान गणेश जी को जीवित किया गया । हाथी के बच्चे का सिर इसलिए कटा क्योंकि वो उत्तर दिशा में सिर करके सो रहा था , कलयुग में क्यों हम शिव जी अनुचरों को अपने घर आमंत्रित करें —
8 .इसलिए दक्षिण में सिर करके और उत्तर में पैर करके सोयें इससे भगवान शिव प्रसन्न ही होंगे।
9. शास्त्रों के अनुसार दक्षिण दिसा यमराज की दिशा है। इसी दिशा में यमराज के दूत घूमते हैं और दक्षिण मैं पैर करके सोने से वह हमारी उम्र को कम कर देते हैं।
10. सोते समय पूर्व की ओर पैर नहीं होने चाहिए। इससे जीवन में विभिन्न दोषों का प्रवेश होता है। यह सूर्यदेव की दिशा है। अतः ऋषियों ने इस ओर पैर कर सोना निषिद्ध माना है।
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